Anganwadi Salary Hike Update : उत्तर प्रदेश की आंगनबाड़ी और आशा कर्मियों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। लखनऊ में आयोजित एक सरकारी कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका और आशा वर्कर्स के मानदेय में बढ़ोतरी की घोषणा की है। पिछले कुछ समय से प्रदेश में शिक्षामित्र और अनुदेशकों के मानदेय बढ़ने के बाद आंगनबाड़ी और आशा कर्मियों के बीच भी इसी तरह के निर्णय की चर्चा चल रही थी। इसी माहौल के बीच मंच से यह घोषणा हुई और कार्यक्रम में मौजूद डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और बृजेश पाठक ने भी इस फैसले पर सहमति जताई।
आंगनवाड़ी के साथ आशा का भी बढ़ेगा मानदेय
यूपी विधानसभा सत्र के दौरान मुख्यमंत्री ने पहले शिक्षामित्रों का मानदेय 10000 से बढ़ाकर 18000 रुपए किया था, वहीं अनुदेशकों का मानदेय 17000 रुपए तय किया गया था। अब इसके बाद होली से ठीक पहले हुए इस कार्यक्रम में आंगनबाड़ी और आशा कर्मियों के लिए भी बढ़ोतरी की घोषणा की गई, जिससे प्रदेश की लाखों महिला कार्यकर्ताओं के बीच खुशी का माहौल है। प्रदेश की लाखों आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका के साथ-साथ आशा वर्कर दी मानदेय बढ़ोतरी को लेकर लगातार धरना प्रदर्शन करती रही हैं और अपनी मांगों को सरकार के समक्ष कई बार रख चुकी हैं अब सरकार ने उनकी मांगों को मानते हुए मानदेय बढ़ोतरी का निर्णय लिया है।
सीएम योगी ने मानदेय बढ़ोतरी की घोषणा
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि प्रदेश में लाखों की संख्या में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता है जो कि बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा से लेकर उनके स्वास्थ्य तक का ध्यान रखते हैं वहीं आशा कार्यकर्ता स्वास्थ्य कार्यक्रमों में पूरा सहयोग करती हैं साथ ही महिलाओं के स्वास्थ्य को लेकर भी सेवा में लगी रहती हैं इन कार्यकर्ताओं का समाज में महत्वपूर्ण योगदान है इसलिए सरकार में कार्यकर्ताओं के मानदेय में बढ़ोतरी करना चाहती है जो की चरण पर तरीके से बढ़ाया जाएगा।
आंगनबाड़ी हो या आशा वर्कर, इन सबके मानदेय को हम क्रमिक रूप से आगे बढ़ाने जा रहे हैं…
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath)
March 28, 2026
अभी कितना है आंगनवाडी मानदेय
आंगनवाड़ी कार्यकर्ता मानदेय की बात की जाए तो फिलहाल आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को केंद्र सरकार की ओर से 4500 रुपए दिए जाते हैं। राज्य सरकार इसमें 1500 रुपए जोड़ती है। हर महीने 2000 रुपए अतिरिक्त प्रोत्साहन राशि भी मिलती है। कुल मिलाकर 8000 रुपए प्रति माह मिल रहे हैं। आंगनबाड़ी सहायिका को केंद्र की ओर से 2250 रुपए मिलते हैं। राज्य सरकार 750 रुपए इसमें जोड़ती है। कुल 3000 रुपए प्रति माह दिए जाते हैं। वहीं आशा वर्कर्स के लिए इंसेंटिव दिया जाता है टीकाकरण और प्रसव कराने पर इन आशा वर्कर्स को अलग से इंसेंटिव मिलता है अब सरकार इनके मानदेय को लेकर भी बड़ा निर्णय ले सकती है।
कितनी हो जाएगी अब सैलरी
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिका की मानदेय में कितनी बढ़ोतरी होगी इसको लेकर अभी सरकार ने स्थिति साफ नहीं की है वहीं आशा वर्कर्स के मानदेय में बढ़ोतरी को लेकर भी सरकार ने कुछ नहीं बताया है लेकिन पिछली मांगू को देखा जाए तो आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ₹20000 मानदेय करने की मांग कर रही हैं वहीं सहायताओं का मानदेय ₹15000 दिए जाने की मांग कई बार कर चुकी हैं। इससे पहले सरकार ने शिक्षामित्र और अनुदेशकों का मानदेय ₹8000 प्रति महीना बढ़ोतरी की थी इसके बाद आशा कार्यकर्ताओं और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में भी सरकार अच्छी बढ़ोतरी कर सकती है हालांकि कितनी बढ़ोतरी होगी इसको लेकर अभी इंतजार करना होगा लेकिन कार्यकर्ताओं को उम्मीद है कि उनकी सैलरी में ₹8000 से ₹10000 प्रति महीना की बढ़ोतरी सरकार कर सकती है।
